Sunday, January 11, 2009

'जुगाड़' से बेहाल

इन दिनों बहुत उलझा हुआ हूं। फिल्म 'राजनीति' के किरदार की तैयारी, उसके कॉस्ट्यूम फाइनल करना, निर्देशक प्रकाश झा के साथ हफ्ते में दो तीन बार बैठना, परिवार की जरुरत का ख्याल रखाना, कुछ स्क्रिप्ट को पड़ना और फिल्म 'जुगाड़', जो फरवरी में आ रही है, के प्रमोशन के लिए इधर से उधर भागना। व्यस्तता कुछ ऐसी कि ब्लॉग के लिए लिखने की फुर्सत ही नहीं मिल रही थी।

फिलहाल दिल्ली में हूं। 'जुगाड़' के प्रमोशन के लिए आया हूं। जुगाड़ एक व्यंग्यात्मक फिल्म है,जिसमें गंभीरता भी है। जुगाड़ एक प्रचलित शब्द है। इस फिल्म में जुगाड़ नाम के तंत्र पर कटाक्ष है, जो आपको हंसाएगी भी और रुलाएगी भी। जरुर देखें।

एक-दो दिन में वापस मुंबई चला जाऊंगा। यहां से जाकर अच्छा इसलिए भी लगेगा क्योंकि इलेक्शन का समय है और दिल्ली आते ही कुछ दोस्त मेरी राजनीतिक रुचि के बारे में जानना चाहता हैं। मैं बहुत घबरता हूं। नेता बनने का सपना कभी देखा नहीं था। अभिनेता बनने में बड़ा मजा आ रहा है। इलेक्शन फिर से सिर पर खड़े हैं। चारों तरफ सड़के और फ्लाई ओवर बनाए जा रहे हैं। हर कोई अपने लिए अच्छे से अच्छे उम्मीदवार चुनने में लगा है। लेकिन, इन सबमें हमारी जिम्मेदारी यही है कि हम एक समझदार और जिम्मेदार उम्मीदवार को ही अपना प्रतिनिधि बनाएं।

हाल फिलहाल में 'गजनी' देखी। एक अति दर्जे की बदले की भावना वाली कमर्शियल फिल्म कई साल बाद देखने को मिली। अच्छा लगा। बहुत सारी बचपन की यादें भी ताजा हो आयी। इन्हीं सब फिल्मों को देखर ही तो हम बड़े हुए हैं। मुझे अच्छा ये भी लगा कि आमिर ने पूरी विश्वसनीयता के साथ अपने किरदार को निभाने की कोशिश की है। एक ऐसे फिल्म के किरदार को जो पूरी तरह से कमर्शियल है। यही बात अमिताभ बच्चन की मुझे अच्छी लगती थी। आला दर्जे की मसाला फिल्मों में भी अपने किरदार के प्रति उनका विश्वास देखने लायक होता था। हाल फिलहाल में अमिताभ बच्चन जी पर लिखी एक किताब के विमोचन पर गया था। वहां अमित जी और आमिर से दोनों से मिलना हुआ। कई दिनों बाद अमित जी से मिलकर अच्छा लगा। उन्हें देखते ही बचपन की कई सारी यादें ताज हो आती है। और यकीं नहीं होता कि 'दीवार' वाला यह वही व्यक्ति है,जिसके डायलॉग सुनकर मैं रोमांचित हो जाता था। विश्वास ही नहीं होता कि मैं उस अभिनेता और व्यक्ति के पास खड़ा हूं। भगवान उन्हें लंबी उम्र दे।


बहरहाल, अब फिर निकलने का वक्त है। 'जुगाड़' के प्रमोशन में इंतजार कर रहे कुछ पत्रकार मित्रों से मिलने के लिए निकलूंगा। इन दिनों सिर्फ 'जुगाड़' के बारे में बात कर रहा हूं। थक गया हूं। बेहाल हूं। लेकिन,फिल्म के बारे में आप लोगों तक,दर्शकों तक मीडिया के जरिए बात पहुंचाना भी एक अभिनेता का कमिटमेंट है, उससे नहीं हटा जा सकता।

आज इतना ही,

आपका और सिर्फ आपका
मनोज बाजपेयी

25 comments:

creativekona said...

Respected Manoj ji,
Film kee taiyaree...script..apne tech crew se rappo..in sab ke beech bhee apne blog ke liye vakt nikala padh kar achchha laga.Eeshvar kare ap kee film Jugad hit ho.
Vaise meree apko salah hai kabhee rajneeti men direct mat involve hoiega.Mera matlab chunav men partiyon ka mohra banane se hai.
Kabhee lucknow aaiyega to aapse ek bar mulakat jaroor karoonga.
Apkee film kee safalta kee hardik mangalkamna ke sath.
Hemant Kumar

विवेक said...

फिर अमिताभ...सब ऐक्टर्स अमिताभ ही क्यों बनना चाहते हैं...शायद इसी वजह से बहुत कुछ ऑरिजिनल नहीं हो पाता...मुझे लगता है कि अमिताभ बच्चन की सफलता के पीछे और भी बहुत सी वजह हैं...मसलन जब बिग बी दूसरी पारी के लिए वापस आए, तब मीडिया अपने नए रूप की इनिशिअल स्टेज में था...तब उन्हें किसी हीरो की जरूरत थी...अमिताभ बच्चन से बेहतर कौन हो सकता था, वह स्टार रह चुके थे...लोग उन्हें जानते थे, पहचानते थे...बस..उठा लिया मीडिया ने...और अब तो उनके बारे में सबको बोलना पड़ता है...

लेकिन आप कुछ और बोलिए ना...मंडी हाउस के उन दिनों के बारे में कुछ बताइए...और हां...ये जो हॉलिवुड फिल्मों की कॉपी बनती हैं...और सिर्फ पब्लिसिटी के दम पर हिट हो जाती हैं...इनके बारे में लिखिए ना...इंतजार रहेगा।

"अर्श" said...

मनोज जो नमस्कार,
जुगाड़ के प्रोमो में ब्यस्त है समझ सकता हूँ ,दुआ करता हूँ ये फ़िल्म पुरी तरह से हित साबित हो और हो भी क्यूँ ना जहाँ आप जैसा मझा हुआ कलाकार हो तो वो तो होना ही है ...बहोत बहोत बधाई आपको...

अर्श

Yayaver said...

aap ko dekh kar star aur kalaakar ka fark samj mein aat hai...
amitje ke mahaanta unkee abhinaye chamtta nahi unka apne par vishwaas hai...
aapkee naye film achha kare isske liye shubh-kaamnayen.

sanjay said...

I AM VERY NEAR AT YOUR BETTIAH HOME.

sanjay said...

MUJHE KISI NE KAHA KI NEHA BHABHI PAN BAHUT KHATI HAI ,KYA YE BAT SAHI HAI ?

satyendra... said...

दुआ करता हूं कि आपकी फिल्म हिट हो। वैसे मैने करीब १० साल बाद सिनेमाहाल में फिल्म देखी। पत्नी को पटाने के चक्कर में। असल में तीन साल के वैवाहिक जीवन में मैने उनको कभी फिल्म नहीं दिखाई थी, सिनेमाहाल में, जिसके चलते शिकायत भी सुननी पड़ती थी। इत्तेफाक से गजनी फिल्म ही देखी। मुझे तो समझ में नहीं आई। पहली समस्या तो ये हो गई कि मेरी २ साल की बिटिया, शुरुआती डरावनी आवाजों की झांय-झांय सुनकर डर गई। बाद में पता चला कि गजनी खलनायक का नाम है। वह भी चिरकुट टाइप का है, गब्बर टाइप का नहीं। साथ ही हीरोइन बेचारी अधूरी रह गई। फिल्म में बदला लेने का सशक्त कारण नहीं था। वैसे- अमिताभ की फिल्मों में जैसे ठाकुर की बेटी से शादी, ठाकुर की पिटाई करने जैसी आम भारतीयों की इच्छाओं पर तालियां बजती थीं और फिल्में हिट होती थीं, कुछ वैसा ही इस फिल्म में मिला। इस समय लोगों में इतना ताकतवर होने का सपना होता है कि सबको मार पीट डालें।
बहरहाल यह फिल्म मेरी पत्नी को बहुत पसंद आई थी।
वैसे आपको अगर मौका मिले तो राजनीति में हाथ आजमाना बुरा नहीं है। बिहार को कर्मभूमि बना सकते हैं। लेकिन मुझे लगता है कि राजनीति करना बहुत मुश्किल है। चुनौतियों भरा। मैं तो एक आदमी को बेवकूफ नहीं बना सकता, वहां लाखों को बेवकूफ बनाना पड़ता है, उन्हें मानसिक रूप से संतुष्ट करना पड़ता है।

Irshad said...

Guru maza Nahi aa Raha..Formailty Nibanae kae liya blogging karna bakar hae. kuch aapbiti..kuch Gam bhi ho...bus jugar sae kaam cala rahe ho.

priyank said...

hi big brother,
i really have spent a wonderful & lovely time wid u. blog pe likhna chaunga ki ap bahut hi behatar shaks or abhineta hai. hamara dili rishta jud chuka hai. apke es apaar sneh or ashirwad ke liye dhanyawad.
always bless me.
regards,
apka bachcha
priyank dubey

विक्षुब्ध सागर said...

जुगाड़ की सफलता के लिए शुभकामनाएं स्वीकार हों !
इतनी व्यस्तता के बावजूद आपका ब्लोगिंग करना सुखद लगता है ...लेकिन यह भी सही है की कही ना कही कुछ छूटा सा , आधा अधूरा सा एहसास भी कचोटता है! विवेक भाई ने कहा की कुछ मंडी हॉउस के किस्से भी ताज़ा करें। ठीक ही तो है । हमारी उत्सुकता कई बार सर उठाती है ... कुछ बेरी जॉन की ऐक्टिंग क्लासेस ...शाहरूख खान का संग साथ और शरारतें ( कुछ तो मैंने पर्सनल तौर पर देखी भी हैं...जब वो फौजी कर रहे थे कर्नल कपूर के साथ ) जीवन के अनेक रंग है मनोज भाई .... आपकी लेखनी से उतरेंगे तो अच्छा अच्छा लगना लाज़मी है।

गजनी देखी ! सच कहूं तो समझ अपनी भी मात खा गयी ...15 मिनट से ज़्यादा कुछ याद रख पाना काफी मुश्किल हो रहा था ! बाकी आमिर के किरदार को समझने और निभाने के तरीकों के तो हम सभी कायल है ही !

खैर ...आपकी"जुगाड़" का इंतज़ार है....पुनः शुभकामनाएं !

*KHUSHI* said...

namaskaar manoji...raaj niti se aap thode darte hai to darte hi rahiyega... rajniti ko durr se dekhe yaa to filmo mai role ada karle.. kintu...aap kabhi bhi uss mai judne ka mat sochiyega.. maafi chahte hai aapko salah dene keliye.. lekin aap ki jo image hai usse barkarak rakhiye..uspe rajniti ka rang agar chad gaya to hame khed hai ki humacche insaan ki sahi pahechaan gawaan denge...
baaaki baat Ghajini ki...bahut hi umda film hai...aur Amitji ke baare mai jitna likhe utna kam hai... iss umar mai jis tarah unka kaam pe prati jo lagaav haiuss maise thodak uch hum sikhe to jeevan saphal hoga...
Jugaad film ka intezaar rahegaa.. naye andaaz mai aapko dekhna milega...

प्रवीण जाखड़ said...

दुआ करता हूं कि आपकी फिल्म हिट हो।
जुगाड़ की सफलता के लिए शुभकामनाएं.

कंचन सिंह चौहान said...

aap film jugad ke liye shubh kamanaen..ishwar aap ke bhitar ke kalakaar ko jinda rakhe

Pawan Maru said...

Manoj ji .... Good luck for Jugad...
Main apki movie cinema hall me jakar hi dekhunga... I'm strictly against piracy....
I request everyone to watch every movie in Hall or buy original CD/DVD only...
Stop piracy.....
By watching movies in cinema hall of such good actors like Manoj ji... we can really save the film industry and can encourage the good movie makers...

gurmeet said...

मनोज भाई
जुगाड़ पर तो अपना इंडिया चल रहा है फिर आपकी जुगाड़ क्यों नहीं चलेगी निश्चिंत रहे। आपका ब्लाग पहली बार देखा है आगे स नियमित रहने का प्रयास करूंगा

santosh said...

manoj ji,
pls kuchh alag hatkar likhiye....

alkaagga said...

Hindi yani devnagari mein likhne ki koshish mein asafal ho rahi hoon....Manoj ji aapka yeh blog hindi mein padh kar bahut hee achchha laga. Kabhi lagta hai ki hum Bharat mein apni bhasha aur sanskriti se vimukh hote ja rahe hain. Hamari hindi filmon ke abhineta apne aapko angrez zyadah siddh karne mein lage rahte hain...kam se kam dhakne waale western paridhan badan par, hothon par sirf "hindi-numa" English aur Hollywood ke sitaron ki pooja...kafi sharm aati hai apne Bollywood ka haal--behaal dekh kar. Aapke saath Ashtosh Rana bhi hindi filmon mein aaye thay, bahut achchhe abhineta thay lekin unka hindi-prem shayad hamare angrezi-grast Bollywood ko raas nahin aaya..?? Aasha hai aap ki film bahut safal ho aur Rana ji tak mera namaskar bhi pahuncha dijiyega!!!
Koi mujhe bataye ki hindi ke font yahan kaise prayog kiye ja sakte hain ????

divya said...

hi manoj jee..
yesterday i watched ur interview on MAHUA TV..it was agreat pleasure to see u speaking in bhojpuri..what a good bhojpuri uer speaking..u r so down to earth..

BEST OF LUK FOR UR JUGAD
U SHOULD DO BHOJPURI MOVIE ALSO

ashok dubey said...

manoj bhayya ...namaskar
aapka ek interview dekh raha tha channel mahua pe..
kya batau aap to ekdum khanti bhojpuri bol rahe the..lag raha tha bollywod ka nahi apne gaon ka koi ladka bol raha hai..
aapki yehi simplicity dekhne ke liye to log cinema hall me aate hain..

lekin jo tewar satya shool pinjar me tha wo aajkal ki aapki filmon me nahi dikh raha hai kya baat hai

aap bhojpuri filmein kyon nahi karte..aapki bhjpuri bahut achi lagi..
mai banaras se hoon..

priyeranjan said...

namaste manoj jee....
kal maza aa gaya mahua tv pe aapka interview dekh ke..pehli baar kisi tv channel me aapka interview dekhne ko mila...aap itni acchi bhojpuri bolte hain ,malum nahi tha
jankar acha laga ki bihar ke chhote se gaon se nikalkar aap ne sangarsh kar bollywood ka safar tay kia hai
interview dekh kar to mai aapka fan ho gaya hoon
aapki hindi aur bhojpuri dono par zabardast pakad hai
aasha karta hoon ki aapki JUGAD khoob dhoom machaye, rajniti bhi aapki aa rahi hai
future me koi bhojpuri movie jarur banaye
we love to se that

Chandan Pratap Singh said...

Dear Manoj ji
if you are in delhi then i would like to meet you for a interview. Please revert back. Chandan Pratap Singh. Political Editor, Total TV

Mukesh hissariya said...

जय माता दी,
भागवान आपकी हर मुराद पूरी करें

SHASHI SINGH said...

हमें आपकी इस व्यस्तता का इल्म है और हमारी दुआ है कि आपकी मेहनत रंग लाये। आपकी “जुगाड़” बिना किसी जुगाड़ के कामयाब हो।
आपसे संपर्क करने का कोई दूसरा माध्यम न होने की वजह से इस comment box का प्रयोग कर रहा हूं। “जुगाड़” के म्युजिक रिलीज की शाम टीवी वालों के साथ आपकी अति व्यस्तता देख मैंने अपनी वेबसाइट www.samayiki.com के लिए आपके साक्षात्कार के लिए सवालों की एक पर्ची आपको सौंपी थी। मुझे पूरा विश्वास है कि उसे आपने अब भी संभाल कर रखा होगा और जवाब देने के लिए पहली फुरसत का इंतजार कर रहे होंगे।
लिखित में जवाब दे पाने के लिए यदि समय न मिल पा रहा हो तो आपसे आग्रह है कि अपने विचार फोन पर ही हमें बता दें। आपका जवाब “जुगाड़” की रिलीज से पहले मिलने में सामयिकी का हित इतना ही है आपके साक्षात्कार की प्रासांगिकता अधिक होती।

हमारा फोन नंबर: 9833107766
ई-मेल: shashikumarsinghATgmail.com

KK Yadav said...

और यकीं नहीं होता कि 'दीवार' वाला यह वही व्यक्ति है,जिसके डायलॉग सुनकर मैं रोमांचित हो जाता था। विश्वास ही नहीं होता कि मैं उस अभिनेता और व्यक्ति के पास खड़ा हूं....तभी तो अमिताभ, अमिताभ हैं !!

Pushpendra said...

Pyaare Pyaare
Manoj G
Jai Shree Radhe

Pushpendra From Mathura (U.P.)is with u.
Mera namskar mile

Achchee Hindi likhte hai AAp

Bahut Bahut Achcha lga
Aapko Krishna Kanhaiya Bulandiya de